अंतरिक्ष क्षेत्र पर एफ़डीआई नीति में संशोधान को मंजूरी
21 फरवरी, 2024 को केंद्रीय कैबिनेट ने अंतरिक्ष क्षेत्र पर मौजूदा प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (FDI) नीति में संशोधन को मंजूरी दी। कैबिनेट द्वारा अंतरिक्ष क्षेत्र पर FDI नीति को भारतीय अंतरिक्ष नीति, 2023 के विजन और रणनीति के अनुरूप आसान बनाया गया है।
- मौजूदा FDI नीति के अनुसार, FDI को केवल सरकारी अनुमोदन मार्ग के माध्यम से उपग्रह स्थापित करने और संचालित करने की अनुमति है।
- संशोधित नीति के तहत, अंतरिक्ष क्षेत्र में 100% तक की FDI की अनुमति दी गई है। इसका उद्देश्य संभावित निवेशकों को भारतीय अंतरिक्ष कंपनियों की ओर आकर्षित करना है।
- इस नीतिगत बदलाव ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 रचनात्मक पूर्वन्याय: विवादों के अंतिम समाधान का सिद्धांत
- 2 जून 2026 के घटनाक्रम पर आधारित
- 3 क्रिटिकल मिनरल्स और स्वच्छ ऊर्जा संक्रमण
- 4 भारत में मानव-वन्यजीव संघर्ष
- 5 सेलुलर कृषि और संवर्धित मांस
- 6 भारत का बढ़ता रोग बोझ
- 7 जलवायु परिवर्तन और चुनाव
- 8 मरुस्थलीकरण और सूखे पर G7 घोषणा
- 9 अपशिष्ट जल प्रदूषण से समुद्री संरक्षित क्षेत्रों को खतरा
- 10 UAE का OPEC से बाहर निकलना

