चाबहार बंदरगाह टर्मिनल के संचालन हेतु भारत-ईरान समझौता
13 मई, 2024 को, भारत और ईरान ने चाबहार बंदरगाह को संचालित करने के लिए 10 साल के अनुबंध पर हस्ताक्षर किए हैं। यह समझौता सामान्य सहयोग ढांचे की प्रारंभिक स्थापना के 8 वर्ष बाद हुआ है।
- अनुबंध पर इंडियन पोर्ट्स ग्लोबल लिमिटेड (IPGL) और ईरान के पोर्ट एंड मैरीटाइम ऑर्गनाइजेशन (PMO) के बीच हस्ताक्षर किए गए।
- IPGL ने बंदरगाह और उसके बुनियादी ढांचे को सुसज्जित करने में लगभग 120 मिलियन डॉलर का निवेश करने की योजना बनाई है। इसके अतिरिक्त, भारत ने चाबहार से संबंधित बुनियादी ढांचा परियोजनाओं के लिए $250 मिलियन की क्रेडिट विंडो (Credit Windo) की पेशकश की है। ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 IBSA लीडर्स मीटिंग
- 2 राष्ट्रपति की अंगोला और बोत्सवाना यात्रा
- 3 भारत ने अमेरिका के साथ किया पहला महत्वपूर्ण एलपीजी आयात समझौता
- 4 GCC ने 'वन-स्टॉप ट्रैवल सिस्टम' को मंज़ूरी दी
- 5 मौसम और जलवायु डेटा पर विश्व का पहला इम्पैक्ट बॉन्ड
- 6 भारत-यूरेशियन आर्थिक संघ मुक्त व्यापार समझौते की समीक्षा
- 7 ओमान: यूनेस्को के MAB कार्यक्रम की समन्वय परिषद का सदस्य
- 8 भारत–फ्रांस AI नीति गोलमेज बैठक
- 9 भारत कोडेक्स की एशिया क्षेत्र की कार्यकारी समिति में पुनर्निर्वाचित
- 10 WTO में भारत PLI योजनाओं के विरुद्ध चीन की शिकायत
- 1 स्पेन, आयरलैंड और नॉर्वे द्वारा फिलिस्तीनी राज्य को मान्यता
- 2 यूरोप का 'एआई कन्वेंशन'
- 3 आतंकवाद-रोधी ट्रस्ट फंड में भारत का योगदान
- 4 भारतीय सांसद के खिलाफ इंटरपोल का ब्लू कॉर्नर नोटिस
- 5 अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी का परमाणु सुरक्षा पर चौथा अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन
- 6 भारत-नेपाल सीमा विवाद
- 7 इजरायली रक्षा बलों का राफा शहर में अभियान
- 8 दारफुर संकट

