भारत में आक्रामक विदेशी प्रजातियाँ: उभरता पारिस्थितिक संकट
नेचर पत्रिका में हाल ही में प्रकाशित एक नए अध्ययन में पाया गया है कि आक्रामक विदेशी पौधों (Invasive Alien Plants) का विस्तार भारत के प्राकृतिक क्षेत्रों में प्रतिवर्ष लगभग 15,500 वर्ग किलोमीटर की दर से हो रहा है।
- अध्ययन के अनुसार वर्ष 2022 तक लगभग 144 मिलियन लोग, 2.79 मिलियन पशुधन, 2 लाख वर्ग किलोमीटर लघु कृषि क्षेत्र और लगभग 1.05 लाख वर्ग किलोमीटर बाघ आवास इन पौधों से प्रभावित हो चुके हैं।
अध्ययन के मुख्य निष्कर्ष
- आक्रामक प्रजातियाँ अब भारत के लगभग दो-तिहाई प्राकृतिक पारिस्थितिक तंत्रों पर हावी हो चुकी हैं।
- भारत में फैलने वाली प्रमुख आक्रामक प्रजातियाँ: लैंटाना कैमारा, ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 जी-7 में भारत: बदलती पश्चिमी दुनिया और नई रणनीति
- 2 भारत के सेमीकंडक्टर उद्योग का भविष्य
- 3 अध्यादेश और न्यायिक स्वतंत्रता
- 4 दिव्यांगजनों के लिए समान व्यवहार और अधिकार
- 5 अंतरिक्ष में कक्षीय प्रतिद्वंद्विता
- 6 जनसांख्यिकीय परिवर्तनों पर उच्च स्तरीय समिति : राष्ट्रीय सुरक्षा और अवैध प्रवासन का नया विमर्श
- 7 EV क्रांति और ऊर्जा अवसंरचना की चुनौती
- 8 कार्बन बॉर्डर एडजस्टमेंट मैकेनिज्म और भारत के समक्ष चुनौतियाँ
- 9 अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति आरक्षण में क्रीमी लेयर बहस
- 10 बढ़ती गर्म रातें : भारत में उभरता नया हीट संकट
करेंट अफेयर्स के चर्चित मुद्दे
- 1 भारत में अग्नि-जनित आपदाएं: प्रणालीगत विफलताओं से सीख एवं सुधार की दिशा
- 2 भारत का कॉरपोरेट बॉन्ड बाज़ार: संरचनात्मक बाधाएं एवं सुधार की दिशा
- 3 भारत–ओमान CEPA: खाड़ी क्षेत्र में रणनीतिक पुनर्संयोजन
- 4 जैव-उपचार: भारत की ठोस अपशिष्ट चुनौती का समाधान
- 5 जैव-विविधता क्षरण और जलवायु परिवर्तन: प्रतिक्रिया चक्र की पड़ताल
- 6 श्वसन-प्रवेशी सूक्ष्म-प्लास्टिक एवं वायु प्रदूषण: उभरता स्वास्थ्य संकट
- 7 भारत का पूर्णतः स्वदेशी माइक्रोप्रोसेसर ध्रुव 64: तकनीकी आत्मनिर्भरता का नया अध्याय
- 8 भारत के नागरिक विमानन क्षेत्र के समक्ष चुनौतियां एवं अवसर
- 9 औद्योगिक पार्क: निवेश, रोज़गार और टिकाऊ वृद्धि के इंजन

