उन्नत सर्टिफिकेट ऑफ ओरिजिन 2.0 प्रणाली
हाल ही में, विदेश व्यापार महानिदेशालय (DGFT) ने उन्नत सर्टिफिकेट ऑफ ओरिजिन 2.0 प्रणाली [enhanced Certificate of Origin (eCoO) 2.0 System] शुरू की है।
- 'सर्टिफिकेट ऑफ ओरिजिन' अंतरराष्ट्रीय व्यापार में उपयोग किया जाने वाला एक दस्तावेज है जो यह प्रमाणित करता है कि निर्यात किया जा रहा माल किसी विशिष्ट देश से आया है।
मुख्य बिंदु
- प्रणाली के संदर्भ में: यह प्रणाली निर्यातकों के लिए प्रमाणन प्रक्रिया को सरल बनाने और व्यापार दक्षता बढ़ाने के लिए की गई एक महत्वपूर्ण पहल है।
- उपयोगकर्ता-अनुकूल सुविधाएं: यह उन्नत प्लेटफॉर्म कई उपयोगकर्ता-अनुकूल सुविधाओं की पेशकश करता है, जिनमें बहु-उपयोगकर्ता पहुंच, जो निर्यातकों को एक ही ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 छत्तीसगढ़ से कोस्टा रिका को फोर्टिफाइड चावल कर्नेल का प्रथम निर्यात
- 2 राष्ट्रीय रूपरेखा “डिजी बंदर” का शुभारंभ
- 3 इंडिया मैरीटाइम वीक 2025
- 4 राष्ट्रीय बीज निगम के अत्याधुनिक बीज प्रसंस्करण संयंत्र का उद्घाटन
- 5 सिंटर्ड रेयर अर्थ परमानेंट मैग्नेट के विनिर्माण को बढ़ावा देने की योजना
- 6 4 महत्त्वपूर्ण खनिजों की रॉयल्टी दरों का युक्तिकरण
- 7 राष्ट्रीय शहरी कॉन्क्लेव 2025
- 8 वाटरशेड महोत्सव: जल पुनरुद्धार हेतु राष्ट्रीय पहल
- 9 आधार विज़न 2032 : UIDAI की नई रूपरेखा
- 10 शहरी सहकारी ऋण क्षेत्र का अंतरराष्ट्रीय सम्मेलन
- 1 गैर-सूचीबद्ध कंपनियों का ब्याज-कवरेज अनुपात उच्चतम स्तर पर
- 2 माइक्रोफाइनेंस क्षेत्र में वित्तीय चूक में उल्लेखनीय वृद्धि
- 3 NBFC के लिए स्केल आधारित विनियमन: RBI की सूची
- 4 तरलता की स्थिति को प्रबंधित करने के उपायों की घोषणा
- 5 रुपये में सीमा पार लेनदेन को प्रोत्साहित करने के उपायों की घोषणा
- 6 भारत की डिजिटल अर्थव्यवस्था का आकलन और मापन
- 7 थोक मूल्य सूचकांक के आधार संशोधन हेतु कार्य समूह
- 8 कांडला बंदरगाह की क्षमता में वृद्धि हेतु निवेश पहल
- 9 अंतर्देशीय जलमार्ग विकास परिषद (IWDC) की दूसरी बैठक
- 10 डीएपी के लिए एकमुश्त विशेष पैकेज के विस्तार को मंजूरी
- 11 उद्यमिता विकास सम्मेलन-2025
- 12 इथेनॉल खरीद मूल्य में संशोधन
- 13 परमाणु क्षेत्र में निजी क्षेत्र की भागीदारी

