भारत-जापान द्विपक्षीय संबंध : आर्थिक एवं रणनीतिक सहयोग के परिवर्तनशील आयाम
19-21 मार्च, 2023 तक जापानी प्रधानमंत्री फुमियो किशिदा (Fumio Kishida) ने भारत की आधिकारिक यात्रा की तथा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ 'भारत-जापान शिखर सम्मेलन-2023' में भाग लिया। इस दौरान, भारतीय वित्त मंत्रालय के सचिव रजत कुमार मिश्रा तथा भारत में जापान के राजदूत सुजुकी हिरोशी के मध्य आशय पत्र का आदान प्रदान किया गया। इस आशय पत्र में जापान ने भारत में जारी विभिन्न परियोजनाओं के लिए 'आधिकारिक विकास सहायता' (Official Development Assistance) की घोषणा की गई।
- वर्ष 1952 से ही भारत और जापान के मध्य द्विपक्षीय विकास सहयोग बेहतर रहा है। पिछले वर्ष मार्च 2022 में '14वीं भारत-जापान वार्षिक ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों का हरित रूपांतरण; भारत की स्वच्छ औद्योगिक संक्रमण की रूपरेखा
- 2 क्या अक्षय ऊर्जा भारत के लिए व्यापक रोजगार का नया आधार बन सकती है?
- 3 भारत की डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना घरेलू शासन से वैश्विक सार्वजनिक हित तक
- 4 सुदृढ़ भूजल शासन व्यवस्था: भारत की जल सुरक्षा की आधारशिला
- 5 नागरिक-केंद्रित स्वास्थ्य देखभाल भारत में सार्वभौमिक स्वास्थ्य कवरेज की राह
- 6 भारत की किशोर न्याय व्यवस्था: पुनर्वास, उत्तरदायित्व और सुधार की चुनौती
- 7 बायोमैटेरियल्स निम्न-कार्बन अर्थव्यवस्था के लिए पर्यावरण-अनुकूल विकल्प
- 8 भारत–यूरोपीय संघ मुक्त व्यापार समझौता व्यापार, प्रतिभा और आपूर्ति शृंखलाओं हेतु रणनीतिक पुनर्संयोजन
- 9 शहरी अपशिष्ट जल प्रबंधन: संकट और सुधार की आवश्यकता
- 10 रणनीतिक स्वायत्तता एवं UN चार्टर: वेनेजुएला और ग्रीनलैंड संकटों के संदर्भ में वैश्विक व्यवस्था की दिशा

