एन्यूट्रोनिक परमाणु संलयन
एन्यूट्रोनिक संलयन (Aneutronic Fusion), संलयन प्रक्रिया का एक रूप है, जिसमें चार्ज कण, आमतौर पर प्रोटॉन या अल्फा कणों के रूप में उत्सर्जित होते हैं। इस प्रक्रिया को शुरू करने के लिए अत्यधिक मात्र में ऊर्जा की आवश्यकता होती है। एन्यूट्रोनिक फ्रयूजन हीलियम और लीथियम जैसे तत्वों का प्रयोग ईंधन के रूप में किया जाता है।
- वहीं, परमाणु संलयन (Nuclear Fusion) में मुख्य रूप से डड्ढूटेरियम (एक प्रोटॉन और एक न्यूट्रॉन से बना) और ट्रिटियम (एक प्रोटॉन और दो न्यूट्रॉन से बना) का उपयोग किया गया है, जो हाइड्रोजन के समस्थानिक हैं। इसे ‘क्-ज् फ्रयूजन रिएक्शन’ कहते हैं।
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