संथाल विद्रोह एवं हूल दिवस
30 जून, 2023 को भारतीय प्रधानमंत्री ने हूल दिवस (Hul Diwas) के अवसर पर आदिवासी समाज के शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की। साथ ही उन्होंने आदिवासी स्वतंत्रता सेनानियों सिद्धो- कान्हू, चांद-भैरव और फूलो-झानो की वीरता और साहस की सराहना की।
- झारखंड राज्य में मनाया जाने वाला ‘हूल दिवस’ संथाल विद्रोह की शुरुआत का प्रतीक है।
संथाल विद्रोह
- परिचयः यह औपनिवेशिक सरकार के विरुद्ध प्रथम सशत्तफ़ जनजातीय विद्रोह था, जिसका प्रमुख केंद्र संथाल परगना था।
- प्रसारः संथाल परगना पूर्वी बिहार राज्य के भागलपुर से लेकर राजमहल तक के विस्तृत क्षेत्र को कहा जाता है। इस क्षेत्र को दामन-ए-कोह के नाम से भी ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 बीमा क्षेत्र में 100% FDI को मंजूरी
- 2 ग्रेट निकोबार परियोजना: राष्ट्रीय सुरक्षा बनाम पारिस्थितिकी और आदिवासी अधिकार
- 3 नकली वकील : कानूनी पेशे में संकट
- 4 मई 2026 के घटनाक्रम पर आधारित
- 5 पुरस्कार एवं सम्मान
- 6 नियुक्ति और त्यागपत्र
- 7 रक्षा (Defense)
- 8 खेल समाचार
- 9 अर्थव्यवस्था
- 10 पर्यावरण एवं पारिस्थिकी

