झारखंड: चार पारंपरिक उत्पादों को GI टैग

हाल ही में, झारखंड के चार पारंपरिक उत्पादों को भौगोलिक उपदर्शन (GI) टैग प्रदान किया गया, जो राज्य की अद्वितीय शिल्प कौशल और सांस्कृतिक विरासत को मान्यता देता है।

मुख्य तथ्य

  • मान्यता प्राप्त उत्पाद: इनमें भगैया सिल्क (Bhagaiya silk), कुचाई सिल्क (Kuchai silk), मुंडा आभूषण (Munda jewellery) और झारखंड बांस शिल्प (Jharkhand bamboo craft) शामिल हैं।
  • उद्देश्य: इस प्रतिष्ठित टैग का उद्देश्य इन विशिष्ट उत्पादों की ब्रांडिंग और निर्यात को बढ़ावा देना है, जिससे ग्रामीण विकास और कारीगरों के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
  • महत्व: यह टैग पारंपरिक ज्ञान के संरक्षण के साथ-साथ राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय बाज़ारों में झारखंड के ....
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