निष्पक्ष सुनवाई बनाम बार एसोसिएशन का बहिष्कार
हाल ही में अयोध्या (फैजाबाद) बार एसोसिएशन ने एक प्रस्ताव पारित किया जिसके तहत राम मंदिर दान निधि के कथित गबन मामले के आठ आरोपियों का कोई भी अधिवक्ता बचाव नहीं करेगा । इतना ही नहीं, यदि कोई वकील आरोपियों की ओर से पैरवी करता है तो उस पर ₹5 लाख का जुर्माना लगाने की भी घोषणा की गई।
- यह घटना नई नहीं है। देश के विभिन्न हिस्सों में कई बार बार एसोसिएशन ऐसे प्रस्ताव पारित कर चुकी हैं, जबकि सर्वोच्च न्यायालय बार-बार इन्हें अवैध, असंवैधानिक और पेशेवर नैतिकता के विरुद्ध बता चुका है। यह मामला संविधान, विधि के शासन ....
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