भारतीय इतिहास : किलों का महत्त्व
'किला' शब्द आमतौर पर एक मजबूत सुरक्षात्मक इमारत या दीवार अथवा बाड़ वाला स्थान माना जाता है। इसकी सुरक्षा खाई या गढ़ वाली दीवारों की अग्रिम पंक्तियों द्वारा अथवा योद्धाओं द्वारा की जाती थी।
- भारत में किलों के प्रथम पुरातात्विक साक्ष्य प्रोटो-ऐतिहासिक हड़प्पा संस्कृति के स्थलों से प्राप्त हुए हैं, जो लगभग 3000 और 1500 ईसा-पूर्व के मध्य के हैं।
- हड़प्पा कालीन सभी बड़े स्थलों के निर्माण में पक्की एवं कच्ची ईंटों का प्रयोग किया जाता था। प्रमुख स्थलों को सुरक्षात्मक दीवारों से घेरा जाता था।
- सेल्यूकस निकेटर के यूनानी राजदूत मेगस्थनीज के अनुसार 321 ईसा पूर्व में चंद्रगुप्त मौर्य की राजधानी पाटिलपुत्र ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें

