जी77
आज के बदलते वैश्विक परिदृश्य में जैसे-जैसे नई चुनौतियाँ और अवसर सामने आ रहे हैं, ग्लोबल साउथ की आवाज़ पहले से कहीं अधिक प्रासंगिक और प्रभावशाली बन गई है।
- शक्ति के वैश्विक संतुलन के इस दौर में ग्रुप ऑफ 77 (G77) समूह विकासशील देशों की आकांक्षाओं और न्यायपूर्ण वैश्विक शासन के लिए उनकी माँगों का सबसे बड़ा मंच बनकर उभरा है।
- इस मंच के भीतर भारत एक सक्रिय, जिम्मेदार और नेतृत्वकारी भूमिका निभा रहा है, वह जलवायु न्याय से लेकर टिकाऊ विकास और दक्षिण-दक्षिण सहयोग तक, हर क्षेत्र में विकासशील देशों के हितों का मुखर प्रवक्ता है।
- ऐसे में भारत की ....
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