डिजिटल सार्वजनिक अवसंरचना और सार्वजनिक भागीदारी
निष्पक्ष और समावेशी आर्थिक विकास के साथ-साथ सामूहिक दृष्टिकोण के महत्व को स्वीकार करते हुए भारत एक ‘ग्लोबल डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर रिपोजिटरी’ (GDPIR) निर्मित करने की योजना बना रहा है।
- जीडीपीआइआर ‘डिजिटल पब्लिक इंफ्रास्ट्रक्चर’ (DPI) का एक डिजिटल स्टोरेज के रूप में कार्य करेगा।
- भारत ने डीपीआइ का उपयोग करके दुनिया के सबसे बड़े डिजिटल ‘गवर्नमेंट टू पर्सन’ (G2P) संरचना में 313 प्रमुख योजनाओं के माध्यम से लाभार्थियों को लगभग 32-29 ट्रिलियन रुपए सीधे हस्तांतरित करने की सुविधा प्रदान की है।
- यूनिफाइड पेमेंट इंटरफेस-पे नाउो (UPI-Pay Now) भारत को 11 देशों से जोड़ता है- जिनमें फ्रांस, सिंगापुर, ऑस्ट्रेलिया, ....
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