भारत में खाद्य भण्डारण की चुनौतियां
खाद्य सुरक्षा उभरती अर्थव्यवस्था वाले देशों के लिए एक गंभीर चिंता का विषय है, जहां कृषि पर आबादी का एक महत्वपूर्ण हिस्सा आजीविका के लिए आश्रित है। हालांकि, अप्रभावी खाद्यान्न भंडारण प्रबंधन खाद्य सुरक्षा के लिए एक बड़ा खतरा पैदा करता है, जिसके परिणामस्वरूप फसल कटाई के बाद महत्वपूर्ण नुकसान होता है।
- हाल ही में केंद्रीय मंत्रिमंडल ने विभिन्न योजनाओं के संयोजन से ‘सहकारी क्षेत्र में विश्व की सबसे बड़ी अनाज भंडारण योजना’ के लिए 1 लाख करोड़ रुपये की योजना को मंजूरी दे दी है।
- ब्लॉक स्तर पर अतिरिक्त विकेन्द्रीकृत अनाज भंडारण बनाने का नवीनतम प्रयास खाद्य भण्डारण में विद्यमान ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 खनन एवं अन्य संसाधन (Mining & Other Resources)
- 2 अवसंरचना (Infrastructure)
- 3 सेवा क्षेत्र (Services Sector)
- 4 उद्योग एवं औद्योगिक नीति (Industry & Industrial Policy)
- 5 कृषि एवं संबद्ध क्षेत्र (Agriculture & Allied Activities)
- 6 बाह्य क्षेत्र (External Sector)
- 7 बैंकिंग, भुगतान प्रणाली एवं वित्तीय बाजार
- 8 राजकोषीय नीति (Fiscal Policy)
- 9 रोजगार, श्रम एवं कौशल विकास (Employment, Labour & Skill Development)
- 10 वृद्धि एवं विकास (Growth & Development)

