भारत में रोजगार योग्यता संकट: डिग्री और कौशल के बीच बढ़ती खाई

भारत विश्व की सबसे युवा आबादी वाले देशों में से एक है। संयुक्त राष्ट्र के अनुसार, अगले एक दशक तक भारत के पास जनसांख्यिकीय लाभांश (Demographic Dividend) का सबसे बड़ा अवसर रहेगा। लेकिन विडंबना यह है कि उच्च शिक्षा के अभूतपूर्व विस्तार के बावजूद देश में बड़ी संख्या में स्नातक रोजगार प्राप्त करने में असफल हो रहे हैं।

  • इंडिया स्किल्स रिपोर्ट, 2026 के अनुसार, भारत में स्नातकों की रोजगारयोग्यता (Employability) केवल 56.35% है, अर्थात लगभग आधे स्नातक उद्योगों की आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल नहीं रखते। यह स्थिति स्पष्ट करती है कि भारत की समस्या डिग्री की कमी नहीं, बल्कि कौशल और ....

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