धर्मांतरण तथा सामाजिक परिवर्तन
15 जनवरी, 2025 को छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में गुरु घासीदास विश्वविद्यालय के 11वें दीक्षांत समारोह के दौरान उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ ने प्रलोभन के माध्यम से धर्मांतरण पर चिंता व्यक्त करते हुए इसे संवैधानिक सार और भावना के विपरीत बताया।
- उनके अनुसार 'इससे अधिक गंभीर कुछ नहीं हो सकता कि ये दुस्साहस जैविक जनसांख्यिकीय संतुलन को बिगाड़ने के लिए एक तैयार रणनीति से उत्पन्न होते हैं।'
भारत में धर्मांतरण विरोधी कानून की वर्तमान स्थिति
- भारतीय संविधान के अनुच्छेद 25 के अनुसार, नागरिकों को किसी भी धर्म का पालन करने, मानने और प्रचार करने की स्वतंत्रता है।
- धार्मिक समूहों को भी अपने धार्मिक मामलों ....
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