जैव विविधता की अवधारणा
जैव विविधता समस्त स्त्रोतों जैसे अंतरक्षेत्रीय,स्थलीय,सागरीय एवं अन्य जलीय पारिस्थितिकी तंत्रों के जीवों के मध्य अंतर और साथ ही उन सभी पारिस्थितिक समूह जिनके ये भाग है,में पाई जाने वाली विविधताएं हैं।
जैव विविधता के स्तर
- आनुवांशिक विविधता : किसी प्रजाति अथवा जनसंख्या केप्रतेयेक सदस्यों के आनुवांशिक पदार्थ (डीएनए) में पाए जाने वाले अंतर को आनुवांशिक विविधता कहते हैं।एक जाति या इसकी समष्टि में कुल आनुवांशिक विविधता जीन पूल कहलाती है।आनुवांशिक विविधता कम होने पर जातियों के रूप में अत्यधिक समानता पाई जाएगी।
- प्रजातीय विविधता : यह किसी समुदाय में प्रजाति की विभिन्न किस्मों को दर्शाता है।जीव जंतुओं में प्रजातियों में ....
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