बस्तर ओलंपिक: शांति, सहभागिता और बदलाव की नई धारा

वामपंथी उग्रवाद (LWE) से प्रभावित रहे बस्तर में 'बस्तर ओलंपिक' युवाओं की ऊर्जा को सकारात्मक दिशा देने और शांति स्थापित करने वाला एक परिवर्तनकारी सामाजिक आंदोलन बन गया है।

  • वर्ष 2024 की तुलना में वर्ष 2025 में प्रतिभागियों की संख्या में लगभग तीन गुना (3.91 लाख) की वृद्धि हुई है, जो शासन व्यवस्था में स्थानीय लोगों के बढ़ते विश्वास का प्रतीक है।
  • स्थानीय आदिवासी बोली पर आधारित 'नुआ बाट' (अर्थात 'नई राह') नामक एक विशेष टीम का गठन किया गया है, जिसमें समाज की मुख्यधारा में लौटे पूर्व माओवादी, नक्सल पीड़ित और दिव्यांग एथलीट शामिल हैं।
  • 'नुआ बाट' टीम बस्तर रेंज के सभी ....
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