यमन शांति समझौता
दो वर्ष तक चली लम्बी वार्ता के बाद विदेश मंत्री खालिद अल-यमनी और हूती विद्रोही समूह (Houthi Rebel Group) के प्रमुख वार्ताकार मोहम्मद अब्देलसलाम के बीच 13 दिसंबर, 2018 को स्टॉकहोम स्थित रिम्बो में यमन पर नया शांति समझौता संपन्न हुआ।
शांति वार्ता के उद्देश्य
- यह युद्धविराम समझौता यमन के रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण लाल सागर के बंदरगाह शहर होदेदाह (Port City of Hodeidah) के लिए हुआ जिस पर आधिपत्य हूती विद्रोहियों का है। इस बंदरगाह पर पूर्ण नियंत्रण हेतु यमन सरकार, विद्रोहियों से लगभग 4 वर्षों से युद्धरत है जिसको रोकना है। यहां हजारों की संख्या में आम नागरिक फंसे हुए ....
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