जल गुणवत्ता का अदृश्य संकटः विश्व बैंक रिपोर्ट
20 अगस्त, 2019 को विश्व बैंक द्वारा ‘अज्ञात गुणवत्ताः अदृश्य जल संकट’ (Quality Unknown: The Invisible Water Crisis) नामक रिपोर्ट प्रकाशित की गई। रिपोर्ट के अनुसार, भारी जल प्रदूषित क्षेत्रों में संभावित आर्थिक विकास का एक तिहाई भाग प्रभावित होगा।
- यह रिपोर्ट निगरानी स्टेशनों, उपग्रह डेटा और मशीन लर्निंग मॉडल का उपयोग करके वैश्विक पानी की गुणवत्ता पर एकत्रित किया जाने वाला सबसे बड़ा डेटाबेस है।
मुख्य बिंदु
- रिपोर्ट के अनुसार कुछ क्षेत्रों में नदियों और झीलों में प्रदूषण का स्तर इतना अधिक है, जिससे ऐसा प्रतीत होता है कि उनमें आग लगने से धुंआ निकल रहा है। उदाहरण के ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 लद्दाख में 'हाई-एल्टीट्यूड वन्यजीव सफारी'
- 2 लद्दाख में भारत की पहली 'हाई-एल्टीट्यूड वन्यजीव सफारी'
- 3 एशियाई शेरों (Asiatic Lions) की आबादी 891 तक पहुंची
- 4 V.O.C. पोर्ट: भारत का पहला 'स्कोप-2 उत्सर्जन-मुक्त' प्रमुख बंदरगाह
- 5 नलसरोवर पक्षी अभयारण्य: प्लास्टिक अपशिष्ट प्रबंधन परियोजना
- 6 खिजड़िया पक्षी अभयारण्य : 'ब्लैक-नेक्ड स्टॉर्क' का प्रमुख प्रजनन स्थल
- 7 ताडोबा-अंधारी टाइगर रिजर्व में 216 'इंडियन स्टार कछुओं' का पुनर्वास
- 8 हिमालयन सीरो : हिमालयी पारिस्थितिकी तंत्र के लिए सकारात्मक संकेत
- 9 तमिलनाडु में तीन नए 'एलीफेंट कॉरिडोर' की अधिसूचना
- 10 नेपाल में आकस्मिक बाढ़ (Flash Flood) और हिमालयी पारिस्थितिकी संकट
पर्यावरण एवं पारिस्थितिकी
- 1 मानवजनित SO2 का शीर्ष उत्सर्जक भारत
- 2 जुलाई 2019 अभी तक दर्ज सबसे गर्म माह
- 3 आर्कटिक क्षेत्र में माइक्रोप्लास्टिक प्रदूषण
- 4 अपशिष्ट समाधान की बायोरेमीडिएशन तकनीक
- 5 वन जैव विविधता से संबंधित पहला वैश्विक आकलन
- 6 बिहार का पहला सामुदायिक रिजर्वः गोगाबील
- 7 अपशिष्ट प्लास्टिक से डीजल बनाने का संयंत्र
- 8 वनीकरण हेतु 47,436 करोड़ की राशि जारी

