भारत अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन के शाषी निकाय का अध्यक्ष बना
भारत और अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन के मध्य 100 वर्षों के उपयोगी संबंधों के एक नए अध्याय को चिह्नित करते हुएभारत ने 35 वर्षों बाद अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन के शाषी निकाय की अध्यक्षता ग्रहण की।
प्रमुख बिन्दु
- श्रम और रोजगार सचिव अपूर्व चंद्रा को अक्टूबर 2020 से जून 2021 तक की अवधि के लिए अंतरराष्ट्रीय श्रम संगठन(International Labour Organization-ILO) के शाषी निकाय के अध्यक्ष के रूप में चुना गया है। आईएलओ के शाषी निकाय का अध्यक्ष अंतरराष्ट्रीय स्तर का महत्त्वपूर्ण पद है।
- शाषी निकाय (Governing Body-GB) आईएलओ का शीर्ष कार्यकारी निकाय है जो नीतियों, कार्यक्रमों, एजेंडों औरबजट का निर्धारण करता है ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 आर्कटिक में भारत की भूमिका: महत्वाकांक्षा और क्षमता के बीच बढ़ता अंतर
- 2 भारत पर अमेरिकी ‘ट्रांसशिपमेंट’ आरोप: व्यापारिक तनाव का नया अध्याय
- 3 अमेरिका में मतदाता पहचान और भारत की चुनावी व्यवस्था
- 4 भारत की UNSC 2028–29 सदस्यता की दावेदारी
- 5 भारत-तालिबान संबंध: रणनीतिक आवश्यकता और बदलता रुख
- 6 भारत–यू.के. रक्षा सहयोग : रणनीतिक साझेदारी का विस्तार
- 7 भारत–ब्राज़ील संबंध : वैश्विक दक्षिण की साझेदारी
- 8 भारत–जापान संबंध : हिंद-प्रशांत में रणनीतिक साझेदारी
- 9 UNHRC की रिपोर्ट: गाजा में नरसंहार के आरोप
- 10 UNCLOS के तहत हॉर्मुज़ जलडमरूमध्य में पारगमन अधिकार
- 1 भारत-म्यांमार द्विपक्षीय सहयोग
- 2 भारत-अमेरिका के मध्य तीसरी टू-प्लस-टू वार्ता
- 3 G20 भ्रष्टांचार-निरोधीकार्यसमूह की बैठक
- 4 नवीन H-1B पर प्रतिबंधएवं भारत पर प्रभाव
- 5 भारत-मध्य एशिया की दूसरी संयुक्त वार्ता
- 6 इजराइल-सूडान के मध्य शांति समझौता
- 7 थाईलैंड में सरकार विरोधी प्रदर्शन
- 8 पाकिस्तान एफ़एटीएफ़ ग्रे लिस्ट में बरकरार
- 9 श्रीलंका के संविधान का 20वां संशोधान पारित

