बेलूर का ऐतिहासिक चेन्नाकेशव मंदिर
दक्षिणपंथी कार्यकर्ताओं के विरोध के बावजूद कर्नाटक के हासन जिले में स्थित 'बेलूर के ऐतिहासिक चेन्नाकेशव मंदिर' (Chennakeshava temple in Belur) ने वर्षों से चली आ रही परंपरा को बनाये रखते हुए कुरान की आयतें पढ़ने के साथ रथोत्सव (chariot festival) की शुरुआत की।
- यह वार्षिक रथोत्सव समारोह 13 अप्रैल, 2022 को जिला पुलिस की कड़ी निगरानी में शुरू हुआ। इस दो दिवसीय उत्सव को देखने के लिए राज्य भर से सैकड़ों लोग चेन्नाकेशव मंदिर पहुंचे।
कुरान की आयतें को पढ़ने की परंपरा
परंपरा के मुताबिक, चेन्नाकेशव मंदिर में रथोत्सव की शुरुआत से पहले एक मौलवी मंदिर परिसर में आते हैं ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 वाराणसी में ब्रिक्स संस्कृति कार्य समूह की दूसरी बैठक
- 2 आयुर्वेद पांडुलिपियों का लिप्यंतरण हेतु आयुष मंत्रालय द्वारा कार्यशाला का आयोजन
- 3 राखीगढ़ी के अवशेष: सिंधु-सरस्वती सभ्यता के रहस्यों का वैज्ञानिक विश्लेषण
- 4 स्वदेशी शिल्प और सांस्कृतिक विरासत को जीआई (GI) मान्यता
- 5 NCERT पाठ्यपुस्तक में 'डांसिंग गर्ल' की मूल तस्वीर लगाने का निर्णय
- 6 जम्मू-कश्मीर ने सूफियाना संगीत के लिए यूनेस्को (UNESCO) मान्यता की मांग की
- 7 ओडिशा में मिले 15 मिलियन वर्ष पुराने जीवाश्म: प्राचीन समुद्री इतिहास के प्रमाण
- 8 चोल कालीन अनैमंगलम ताम्रपत्र
- 9 पानज़थ नाग चश्मा संरक्षण उत्सव
- 10 भोजशाला-कमल मौला मस्जिद परिसर मंदिर घोषित

