हरित क्रांति 2-0
जनवरी 2022 में आरबीआई (RBI) द्वारा जारी किए गए ‘भारतीय कृषिः उपलब्धियां एवं चुनौतियाँ’ (Indian Agriculture Achievements and Challenges) नामक आलेख में कहा गया है कि कृषि को अधिक जलवायु-प्रतिरोधी एवं पर्यावरणीय रूप से धारणीय बनाने के लिए भारत को दूसरी हरित क्रांति (Green Revolution 2.0) की आवश्यकता है।
भारतीय कृषि: प्रमुख बिंदु
आलेख में कहा गया है कि भारतीय कृषि ने कोविड-19 महामारी के समय उल्लेखनीय प्रतिरोधक क्षमता प्रदर्शित की है। नई उभरती चुनौतियों के संदर्भ में अगली पीढ़ी के सुधारों के रूप में द्वितीय हरित क्रांति समय की मांग है।
- आलेख के अनुसार, व्यापक कृषि सुधारों के कारण भारतीय ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 लक्षद्वीप के मत्स्य पालन और जलीय कृषि क्षेत्र में निवेश हेतु निवेशक बैठक
- 2 BRO की 125 अवसंरचना परियोजनाओं का उद्घाटन
- 3 देश का पहला ‘वॉटर पॉजिटिव’ हवाई अड्डा
- 4 IMF की समीक्षा: राष्ट्रीय लेखा आंकड़ों में संरचनात्मक खामियां उजागर
- 5 विद्युत वितरण क्षेत्र में AI/ML प्रौद्योगिकियों के उपयोग पर सम्मेलन
- 6 DBTL-पहल योजना
- 7 क्रेडिट कार्ड शिकायतों में तेज़ वृद्धि: RBI ओम्बुड्समैन रिपोर्ट
- 8 नुमालीगढ़ रिफाइनरी लिमिटेड को नवरत्न दर्जा
- 9 GDP के आधार वर्ष में संशोधन
- 10 UPI विश्व की सबसे बड़ी रियल टाइम भुगतान प्रणाली

