बीमा क्षेत्र में 100% FDI को मंजूरी
भारत सरकार ने बीमा क्षेत्र में 100% प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (Foreign Direct Investment - FDI) को स्वचालित मार्ग (Automatic Route) के तहत मंजूरी दे दी है। यह फैसला विदेशी मुद्रा प्रबंधन नियम 2026 (Foreign Exchange Management Rules, 2026) के माध्यम से लागू किया गया है। इसका उद्देश्य बीमा क्षेत्र में निवेश बढ़ाना और बीमा कवरेज का विस्तार करना है।
मुख्य बिंदु
- बीमा कंपनियों और बीमा मध्यस्थों (Insurance Intermediaries) में 100% FDI की अनुमति।
- निवेश के लिए अब सरकारी मंजूरी की आवश्यकता नहीं होगी।
- भारतीय जीवन बीमा निगम (LIC) में विदेशी निवेश सीमा 20% रहेगी।
- भारतीय बीमा विनियामक और विकास प्राधिकरण ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 भारत का FDI परिदृश्य 2025-26 : पूंजी पुनर्प्रत्यावर्तन और बाह्य क्षेत्रीय दबाव
- 2 बढ़ती कच्चे तेल की कीमतें – भारत की अर्थव्यवस्था पर प्रभाव
- 3 चीनी निर्यात प्रतिबंध : खाद्य सुरक्षा और मुद्रास्फीति प्रबंधन की उभरती चुनौतियाँ
- 4 भारत द्वारा सोना एवं चांदी पर आयात शुल्क वृद्धि
- 5 विदेशी मुद्रा संकट और भारत की मितव्ययिता नीति
- 6 जल-ऊर्जा-खाद्य संकट: भारत के लिए बढ़ती चुनौती
- 7 RBI का नया एक्सपेक्टेड क्रेडिट लॉस ढांचा: बैंकों में बड़ा बदलाव
- 8 सेवा क्षेत्र को मापने के लिए नया सेवा उत्पादन सूचकांक
- 9 Paytm Payments Bank का लाइसेंस रद्द: RBI की बड़ी कार्रवाई

