पूर्व-मध्यकालीन राजवंश (800-1200 ई.)
प्राचीन एवं मध्ययुगीन के मध्यवर्ती संक्रमण काल को ‘पूर्व-मध्यकाल’ कहा जाता है। 600-1200 ईसवी के मध्य की अवधि के प्रत्येक चरण में उत्तर तथा दक्षिण भारत में क्षेत्रीय स्तर पर अलग-अलग राजवंशों का उदय हुआ।
थानेश्वर के पुष्यभूति (लगभग 500 ई. से लगभग 647 ई. तक)
उत्तरी भारत में, पुष्यभूति राजवंश ने लगभग 500 ईसा पूर्व से 647 ईसा पूर्व तक शासन किया।
- इसका उदय गुप्त साम्राज्य के पतन के बाद हुआ। उनके साम्राज्य को वर्द्धन या पुष्यभूति राजवंश के रूप में जाना जाता है।
- यह भारत के हरियाणा राज्य में स्थित था, जिसकी राजधानी थानेश्वर के (अब थानेसर) में थी ....
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