विविधता में एकता : भारत की सांस्कृतिक शक्ति

  • भारत में 705 अनुसूचित जनजातियां (कुल आबादी का 8.6%) हैं, जिनकी सांस्कृतिक रक्षा हेतु संविधान की 5वीं व 6वीं अनुसूची, पेसा अधिनियम (1996) और वन अधिकार अधिनियम (2006) लागू हैं।
  • 'संकटग्रस्त भाषाओं के संरक्षण योजना' (SPPEL), 'राष्ट्रीय सांस्कृतिक मानचित्रण मिशन' (2017) तथा विशेष रूप से संवेदनशील जनजातीय समूहों (PVTGs) हेतु 'पीएम-जनमन' (2023) प्रमुख सरकारी पहलें हैं।
  • यूनेस्को की 'अमूर्त सांस्कृतिक विरासत' में शामिल 'छाऊ नृत्य' (पूर्वी भारत) और 'पंडवानी' (छत्तीसगढ़/ओडिशा) महाकाव्य कथाओं के मौखिक संरक्षण के सशक्त माध्यम हैं।
  • ओडिशा का 'रघुराजपुर' (पट्टचित्र कला) भारत का पहला विरासत शिल्प ग्राम है, तथा हिमाचल प्रदेश के किन्नौर का 5000 वर्ष पुराना 'राओलेन उत्सव' डिजिटल ....
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