वैश्विक खाद्य-प्रणालियों में रूपांतरण : खाद्य सुरक्षा, टिकाऊ उपभोग प्रतिरूप तथा पर्यावरणीय लाभ हेतु आवश्यक - डॉ. अमरजीत भार्गव
कृषि तथा खाद्य-प्रणालियों में सुधार हेतु अब तक किए गए सभी प्रयासों का उद्देश्य उत्पादन तथा उपभोग के मध्य व्याप्त अंतर को पूरा करने, खाद्य प्रणाली के प्रदर्शन को मजबूत करने तथा संस्थागत उपायों की खोज करने पर रहा है। समय के साथ, विशेषकर 21वीं सदी में वैश्विक चुनौतियों तथा खाद्य-आवश्यकताओं में व्यापक परिवर्तन दिखाई दे रहा है। ऐसे में आवश्यकता इस बात की है कि नीतिगत महत्वाकांक्षाओं को वास्तविक रूप में पूरा करने के लिए वैश्विक खाद्य-प्रणालियों को इस प्रकार से निर्मित किया जाए जिससे वे सामाजिक समानता, सार्वजनिक स्वास्थ्य, व्यक्तिगत पोषण तथा पर्यावरणीय उद्देश्यों को पूरा कर सकें।
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