मुआवज़ा बढ़ाकर अपराधियों की सज़ा घटाना अनुचित: सुप्रीम कोर्ट
17 फरवरी, 2026 को सर्वोच्च न्यायालय ने कहा कि केवल पीड़ितों को अधिक मुआवज़ा देकर अपराधियों की सज़ा कम नहीं की जा सकती। न्यायालय ने चेतावनी दी कि ऐसा दृष्टिकोण यह धारणा पैदा कर सकता है कि अपराधी धन देकर कारावास से बच सकते हैं, जिससे दंड विधान का निवारक उद्देश्य कमजोर पड़ जाएगा।
- सुप्रीम कोर्ट ने कुछ उच्च न्यायालयों के उस ट्रेंड की आलोचना की, जिसमें गंभीर अपराधों में पीड़ित को दिए जाने वाले मुआवज़े की रकम बढ़ाकर जेल की सज़ा कम कर दी जाती है।
मामले का संक्षिप्त विवरण
- वाद: परमेश्वरी बनाम तमिलनाडु राज्य एवं अन्य।
- पृष्ठभूमि: 2009 में शिवगंगई ....
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