आर्सेनिक प्रतिरोधी चावल की नई किस्मः मुक्तोश्री
- शोधकर्ताओं ने हाल ही में आर्सेनिक प्रतिरोधी चावल की एक प्रजाति का विकास किया है; यह नवीन किस्म ‘आईईटी 21845’ (IET 21845) है। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी द्वारा इसे ‘मुक्तोश्री’ (Muktoshri) नाम दिया गया है।
- इसके व्यावसायिक उपयोग से संबंधित गजट अधिसूचना पश्चिम बंगाल सरकार द्वारा वर्ष 2019 में जारी की गई। चावल की इस नई किस्म की खेती में 125 से 130 दिन लगते हैं।
मुख्य बिंदु
- ‘मुक्तोश्री’ को चिनसुरा स्थित पश्चिम बंगाल कृषि विभाग के ‘राइस रिसर्च स्टेशन’ (Rice Research Station at Chinsurah) तथा लखनऊ स्थित ‘राष्ट्रीय वनस्पति अनुसंधान संस्थान’ (National Botanical Research Institute, ....
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