जलवायु परिवर्तनशीलता और निर्धनता का अंतर्संबंध: भारत में उभरती बहुआयामी चुनौती

अप्रैल 2026 में राष्ट्रीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (NISER) द्वारा प्रकाशित एक अध्ययन ने भारत में जलवायु परिवर्तन और गरीबी के बीच गहराते संबंध को रेखांकित किया है।

  • अध्ययन का दायरा: 21 राज्यों के 593 जिलों पर आधारित यह अध्ययन बताता है कि बढ़ते तापमान, अनियमित वर्षा, बाढ़ और सूखे जैसे जलवायु आघात निर्धनता के स्तर को महत्वपूर्ण रूप से बढ़ाते हैं।

जलवायु परिवर्तन एवं निर्धनता

निर्धनता केवल आर्थिक कारणों तक सीमित नहीं

  • निर्धनता अब केवल आर्थिक कारकों से प्रेरित नहीं है, बल्कि तेजी से जलवायु परिवर्तनशीलता द्वारा निर्धारित हो रही है। इसके लिए तत्काल और स्थानीय स्तर पर ....

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