पुनःप्रयोज्य प्रक्षेपण यान

पुनःप्रयोज्य प्रक्षेपण यान वह प्रणाली है, जिसे इस प्रकार अभिकल्पित किया जाता है कि उसके प्रमुख घटकों, जैसे कोई चरण (स्टेज) को सुरक्षित रूप से पुनः प्राप्त कर बार-बार उपयोग में लाया जा सके। इसरो का दृष्टिकोण क्रमिक प्रौद्योगिकी प्रदर्शनों पर आधारित है, जिसमें ‘हाइपरसोनिक री-एंट्री’ और ‘स्वायत्त रनवे लैंडिंग’ जैसे तकनीकी प्रदर्शन शामिल हैं। ये सभी पूर्णतः पुनःप्रयोज्य प्रक्षेपण प्रणाली के निर्माण की दिशा में आवश्यक आधारशिला हैं।

पुनःप्रयोज्य बनाम पारंपरिक रॉकेट

  • पारंपरिक प्रक्षेपण यान: प्रक्षेपण के बाद अधिकांश चरण त्याग दिए जाते हैं, जिससे प्रत्येक मिशन के लिए नया हार्डवेयर आवश्यक होता ....

क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |

पूर्व सदस्य? लॉग इन करें


वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |

संबंधित सामग्री

प्रारंभिक विशेष