अनिवार्य लाइसेंसिंग एक ‘लोक-कल्याणकारी सुरक्षा कवच’

अनिवार्य लाइसेंसिंग (CL) भारत की पेटेंट व्यवस्था के भीतर एक ‘लोक-कल्याणकारी सुरक्षा कवच’ है। यह स्वास्थ्य आपातकाल या बाज़ार की विफलता के समय किफायती दवाओं तक लोगों की पहुँच सुनिश्चित करता है। फार्मास्युटिकल क्षेत्र में, यह पेटेंट अधिकारों और सार्वजनिक स्वास्थ्य की प्राथमिकताओं के बीच एक मानवीय संतुलन बनाता है, ताकि ‘सबके लिए स्वास्थ्य’ और ‘किफायती दवा’ का लक्ष्य पूरा हो सके।

मूल अवधारणा

  • अनिवार्य लाइसेंसिंग: इसके तहत सरकार पेटेंट धारक की सहमति के बिना किसी अन्य कंपनी को पेटेंटेड दवा बनाने की अनुमति दे सकती है।
  • उद्देश्य: इसका उपयोग दवाओं की उचित कीमत, पर्याप्त आपूर्ति और जन-जन तक इलाज की ....

क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें

वार्षिक सदस्यता लें मात्र 600 में और पाएं...
पत्रिका की मासिक सामग्री, साथ ही पत्रिका में 2018 से अब तक प्रकाशित सामग्री।
प्रारंभिक व मुख्य परीक्षा पर अध्ययन सामग्री, मॉक टेस्ट पेपर, हल प्रश्न-पत्र आदि।
क्रॉनिकल द्वारा प्रकाशित चुनिंदा पुस्तकों का ई-संस्करण।
पप्रारंभिक व मुख्य परीक्षा के चुनिंदा विषयों पर वीडियो क्लासेज़।
क्रॉनिकल द्वारा प्रकाशित पुस्तकों पर अतिरिक्त छूट।
प्रारंभिक विशेष