बाल एवं मातृत्व स्वास्थ्य

बाल एवं मातृत्व स्वास्थ्य (Child–Maternal Health) का आशय जीवन-चक्र के विभिन्न चरणों, विशेष रूप से गर्भावस्था, प्रसव, नवजात अवस्था, शैशवावस्था तथा प्रारंभिक बाल्यावस्था के दौरान माताओं और बच्चों के जीवन-रक्षण, पोषण, स्वास्थ्य एवं समग्र कल्याण को सुनिश्चित करने से है। यह भारत के मानव विकास, स्वस्थ जनसंख्या निर्माण तथा जनसांख्यिकीय लाभांश की बुनियाद को सुदृढ़ करता है।

प्रमुख लाभार्थी

  • गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाएँ।
  • नवजात शिशु, शिशु और पाँच वर्ष से कम आयु के बच्चे एवं किशोरियाँ।
  • ग्रामीण, जनजातीय और सामाजिक–आर्थिक रूप से कमजोर परिवार।
  • अग्रिम पंक्ति के स्वास्थ्यकर्मी जैसे आशा (ASHA), एएनएम (ANM) और आंगनवाड़ी कार्यकर्ता।

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