नियामक टी-कोशिकाएँ एवं Foxp3 जीन

नियामक टी-कोशिकाएँ (Tregs) श्वेत रक्त कोशिकाओं का एक विशिष्ट उपसमूह हैं, जो प्रतिरक्षा तंत्र के “शांतिदूत” (peacekeepers) के रूप में कार्य करती हैं। इनका मुख्य कार्य प्रतिरक्षा प्रणाली को शरीर के अपने स्वस्थ ऊतकों पर आक्रमण करने से रोकना तथा प्रतिरक्षा संतुलन बनाए रखना है।

मूल अवधारणा

  • Foxp3 जीन इन नियामक टी-कोशिकाओं के विकास एवं कार्यात्मक स्वरूप को निर्धारित करने वाला “मास्टर स्विच” अथवा आनुवंशिक नियंत्रक है।
  • इसी जीन की सक्रियता से साधारण टी-कोशिकाएँ दमनकारी (suppressor) नियामक टी-कोशिकाओं में परिवर्तित होती हैं।

यह तंत्र कैसे कार्य करता है

  • आनुवंशिक प्रोग्रामिंग (Genetic Programming): थाइमस ग्रंथि में कुछ टी-कोशिकाओं में Foxp3 जीन ....

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