जम्मू एवं कश्मीर रोशनी अधिनियम विवाद तथा निरस्तीकरण
जम्मू एवं कश्मीर प्रशासन ने हाल ही में 2001 के रोशनी अधिनियम के कथित लाभार्थियों की सूची जारी की। रोशनी अधिनियम को अब रद्द कर दिया गया है, इस कानून ने अधिशुल्क के भुगतान के बदले राज्य की भूमि पर अनधिकृत कब्जाधारियों को उसके स्वामित्व का अधिकार प्रदान किया था।
रोशनी अधिनियम के कथित लाभार्थियों की सूची में राजनीतिक नेता और नौकरशाह शामिल हैं। जम्मू एवं कश्मीर उच्च न्यायालय के हालिया आदेश के बाद प्रशासन ने इस अधिनियम को रद्द कर दिया था।
रोशनी अधिनियम क्या था?
- इसे औपचारिक रूप से ‘जम्मू एवं कश्मीर राज्य भूमि (अधिभोगियों के स्वामित्व का अधिकार) ....
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