आंतरिक प्रवासन
प्रवासन के लिए अंतर्राष्ट्रीय संगठन-संयुक्त राष्ट्र प्रवासन एजेंसी (UNMA) द्वारा एक प्रवासी को किसी भी ऐसे व्यक्ति के रूप में परिभाषित किया जाता है, जो अपने निवास स्थान से दूर किसी अंतरराष्ट्रीय सीमा अथवा राज्य के भीतर स्थानांतरित होता है।
- ‘भारत में प्रवासन रिपोर्ट 2020-21’ (सांख्यिकी और कार्यक्रम कार्यान्वयन मंत्रालय-MoSPI) के अनुसार देश में जुलाई-जून 2020-21 में अखिल भारतीय प्रवासन दर 28.9 प्रतिशत थी।
- आर्थिक सर्वेक्षण 2016-17 में यह अनुमान लगाया गया कि 2001-2011 के मध्य अंतर-राज्य श्रमिक प्रवासियों की संख्या लगभग 6 करोड़ थी।
प्रमुख पहलें
- अनुच्छेद 19(1)(ई): सभी भारतीय नागरिकों को भारतीय क्षेत्र के किसी भी भाग में निवास ....
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 NCERT MCQ अर्थशास्त्र
- 2 NCERT MCQ भूगोल
- 3 NCERT MCQ इतिहास
- 4 सामान्य अध्ययन मॉडल प्रश्न 2027
- 5 इंडिया सेमीकंडक्टर मिशन (ISM) 2.0
- 6 एआई इम्पैक्ट समिट, 2026
- 7 राष्ट्रीय शून्य खसरा–रूबेला उन्मूलन अभियान
- 8 नैफिथ्रोमाइसिन : भारत का पहला स्वदेशी एंटीबायोटिक
- 9 ज़ॉम्बी डियर रोग/क्रॉनिक वेस्टिंग डिज़ीज़
- 10 टीबी उन्मूलन की ओर भारत की तेज प्रगति

