भारतीय नागरिकता का त्याग एवं अर्जन
केन्द्रीय गृह मंत्रलय द्वारा 19 जुलाई, 2022 को संसद में दी गई जानकारी के अनुसार पिछले तीन वर्षों में 3-9 लाख से अधिक भारतीयों ने अपनी नागरिकता का त्याग किया है।
- अकेले 2021 में 1-63 लाख से अधिक भारतीयों ने अपनी नागरिकता छोड़ी। इनमें से सर्वाधिक लोगों (78,284) ने अमेरिका की नागरिकता ग्रहण की।
नागरिकता त्यागने (Renunciation of Citizenship) या खोने की विधियां
- नागरिकता अधिनियम, 1955 नागरिकता खोने के तीन तरीके निर्धारित करता है, चाहे नागरिकता इस अधिनियम के तहत हासिल की गई हो या संविधान के उपबंधों के तहत। ये तीन तरीके हैं- त्याग (renunciation), समापन (termination) और वंचन (deprivation)।
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें
वार्षिक सदस्यता लें
सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल के वार्षिक सदस्य पत्रिका की मासिक सामग्री के साथ-साथ क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स पढ़ सकते हैं |
पाठक क्रॉनिकल पत्रिका आर्काइव्स के रूप में सिविल सर्विसेज़ क्रॉनिकल मासिक अंक के विगत 6 माह से पूर्व की सभी सामग्रियों का विषयवार अध्ययन कर सकते हैं |
संबंधित सामग्री
- 1 G20 शिखर सम्मेलन 2025: महत्वाकांक्षा बनाम वास्तविकता
- 2 रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता: निर्भरता से क्षमता-संपन्नता तक भारत की प्रगति
- 3 अमेरिका की परमाणु सक्रियता और वैश्विक शक्ति-संतुलन का पुनर्रेखांकन
- 4 अग्रणी प्रौद्योगिकियों के माध्यम से उन्नत विनिर्माण की दिशा विकसित भारत@2047 के लक्ष्य की आधारशिला
- 5 खाद्य प्रणालियों का रूपांतरण: भोजन, पर्यावरण और जलवायु संकट के बीच संतुलन की चुनौती
- 6 उभरती कार्बन प्रबंधन प्रौद्योगिकियां: नेट-ज़ीरो भविष्य के लिए रणनीतिक समाधान
- 7 अंगदान: सामाजिक उत्तरदायित्व एवं नैतिक प्रतिबद्धता
- 8 वैश्विक महत्त्वपूर्ण खनिज आपूर्ति शृंखलाओं की रणनीतिक भेद्यताएं उभरते जोखिम और भू-राजनीतिक निहितार्थ
- 9 कृषि में डीप-टेक क्रांति: AI, रोबोटिक्स और CRISPR के युग में तकनीक-संचालित कृषि परिवर्तन
- 10 वायु प्रदूषण: एक नीतिशास्त्रीय अन्वेषण
करेंट अफेयर्स के चर्चित मुद्दे
- 1 जमानत संबंधी पृथक कानून समय की मांग
- 2 भारत में कुपोषण का गंभीर संकट कारण एवं उपाय
- 3 मल्टी-एजेंसी मैरीटाइम सिक्यूरिटी ग्रुप देश की समुद्री सुरक्षा के लिए महत्वपूर्ण
- 4 जियो-इंजीनियरिंग प्रौद्योगिकी वर्तमान पर्यावरणीय समस्याओं के समाधान का विकल्प
- 5 रोगाणुरोधी प्रतिरोध कारण एवं समाधान के उपाय
- 6 सूक्ष्म वित्त संस्थान महत्व एवं चुनौतियां
- 7 न्यायिक विलम्ब : कारण तथा उपाय

