हितों का संघर्ष (Conflict of Interest)
| क्षेत्र | विवरण |
| परिभाषा एवं उदाहरण | “हितों का संघर्ष एक ऐसी स्थिति है जहाँ किसी अधिकारी का निजी हित (व्यक्तिगत लाभ, पारिवारिक संबंध, भावनात्मक संबंध) उसके सार्वजनिक कर्तव्य को प्रभावित कर सकता है, जिससे उसकी निष्पक्षता और सत्यनिष्ठा पर प्रश्नचिह्न लग जाता है। उदाहरण: एक सरकारी अधिकारी का अपनी पत्नी की कंपनी को ठेका देना। |
| यूपीएससी परिप्रेक्ष्य | UPSC केस स्टडी में यह सबसे अधिक पूछे जाने वाले नैतिक दुविधाओं में से एक है। 2025 के डॉ. प्रिया शर्मा का केस .... |
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संबंधित सामग्री
- 1 नैतिक तर्क (Moral Reasoning)
- 2 नैतिक अंतःप्रज्ञा (Moral Intuition)
- 3 करुणा (Compassion)
- 4 सहिष्णुता (Tolerance)
- 5 सहानुभूति (Empathy)
- 6 नवाचार और रचनात्मकता
- 7 सार्वजनिक सेवा के प्रति समर्पण
- 8 वस्तुनिष्ठता और सार्वजनिक सेवा के प्रति समर्पण
- 9 निष्पक्षता और गैर-पक्षपात (Impartiality and Non-Partisanship)
- 10 सत्यनिष्ठा (Integrity)

