विश्व के दार्शनिक और उनके योगदान

यूनानी दार्शनिक

शीर्षक

विवरण

परिभाषा

यूनानी दार्शनिक (Greek Philosophers) – सुकरात, प्लेटो और अरस्तू – ने पश्चिमी नैतिक चिंतन की नींव रखी। उन्होंने सद्गुण, न्याय, ज्ञान, साहस, संयम और तर्क को नैतिक जीवन के केंद्र में रखा। ये मूल्य व्यक्ति के चरित्र-निर्माण से लेकर राज्य संचालन तक मार्गदर्शन प्रदान करते हैं।

उदाहरण

सुकरात का 'परीक्षित जीवन ही सार्थक जीवन है' – आत्म-चिंतन एवं तर्क पर आधारित आचरण। अरस्तू का 'स्वर्णिम माध्यम' (Golden Mean) – अतियों के बीच संतुलन।

यूपीएससी परिप्रेक्ष्य

UPSC प्रश्न: "सुकरात को नैतिक दर्शन का जनक क्यों कहा जाता है?" तथा "अरस्तू के सद्गुण सिद्धांत की सिविल सेवाओं ....

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