सिविल सर्विसेज मेन्स परीक्षा 2021 हिंदी साहित्य पेपर II


खण्ड- A


1. निम्नलिखित की सप्रसंग व्याख्या लगभग 150 शब्दों में कीजिएः 10×5 = 50

(a) काहे को रोकत मारग सूधो?

सुनहु मधुप! निर्गुन-कंटक तें राजपंथ क्यों रूंधौ?

कै तुम सिखै पठाए कुब्जा, कै कही स्यामघन जू धौं?

बेद पुरान सुमृति सब ढूंढ़ौ जुवतिन जोग कहूं धौ?

ताको कहा परेखौ कीजै जानत छाछ न दूधौ।

सूर मूर अक्रूर गए लै ब्याज निबेरत ऊधौ।। 10

(b) धूत कहौ, अवधूत कहौ, राजपूतु कहौ, जोलहा कहौ कोऊ।

काहू की बेटी सों, बेटा न ब्याहब, काहू की जाति बिगार न सोऊ।

तुलसी सरनाम गुलामु है राम को, जाको, रुचै सो कहै कुछ ओऊ।

मांगि कै खैबो मसीत को सोईबो, लैबो को, एकु न दैबे को दोऊ।। 10

(c) दुःख की पिछली रजनी बीच, विकसता सुख का नवल प्रभात।

एक परदा यह झीना नील, छिपाये है जिसमें सुख गात।

जिसे तुम समझे हो अभिशाप, जगत की ज्वालाओं का मूल-

ईश का वह रहस्य वरदान, कभी मत इसको जाओ भूल।। 10

(d) कांपते हुए किसलय, -झरते पराग समुदय,-

गाते खग नव-जीवन-परिचय, तरु मलय-वलय,

ज्योतिः प्रपात स्वर्गीय, -ज्ञात छवि प्रथम स्वीय-

जनकी-नयन-कमनीय प्रथम कम्पन तुरीय। 10

(e) दाने आए घर के अंदर कई दिनों के बाद

धुआं उठा आंगन से ऊपर कई दिनों के बाद

चमक उठी घर भर की आंखें कई दिनों के बाद

कौए ने खुजलाई पांखें कई दिनों के बाद। 10


2. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिएः

(a) ‘‘कबीर वाणी के डिक्टेरर हैं।” इस कथन के आलोक में कबीर की अभिव्यंजना शैली पर विचार कीजिए। 20

(b) ‘‘जायसी ने इतिहास और कल्पना के सुंदर समन्वय से यह अत्यंत उत्कर्ष का महाकाव्य दिया है।” इस कथन के आधार पर ‘पद्मावत’की समीक्षा कीजिए। 15

(c)‘‘बिहारी ने अन्योक्तियों व सूक्तियों के माध्यम से जीवन के सत्य का सजीव वर्णन किया है।” इस कथन की विवेचना कीजिए। 15


3. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिएः

(a) अज्ञेय द्वारा रचित कविता ‘असाध्य वीणा’की मूल संवेदना स्पष्ट कीजिए। 20

(b) ‘‘गुप्त जी ने ‘भारत-भारती’ के माध्यम से न सिर्फ अतीत के गौरव का गान किया है, बल्कि वर्तमान को भी झकझोरा है।” इस कथन की विवेचना कीजिए। 15

(c) ‘‘दिनकर युगचेता कवि हैं।” कुरुक्षेत्र से उदाहरण देते हुए इस कथन की सत्यता प्रमाणित कीजिए। 15


4. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिएः

(a) ‘‘कामायनी’ का गौरव उसके युगबोध, परिपुष्ट चिंतन, महत् उद्देश्य और प्रौढ़ शिल्प में निहित है।” इस कथन की विवेचना कीजिए। 20

(b) मुक्तिबोध की कविता ‘ब्रह्मराक्षस’में अंतःस्यूत फैंटेसी को व्याख्यायित कीजिए।15

(c) ‘हरिजन गाथा’कविता की मूल संवेदना पर प्रकाश डालिए। 15


खण्ड- B


5. निम्नलिखित अवतरणों की सप्रसंग व्याख्या लगभग 150 शब्दों में कीजिएः 10×5 = 50

(a) अंधकार का आलोक से, असत् का सत् से, जड़ का चेतन से और बाह्य जगत् का अंतर्जगत् से संबंध कौन कराती है? कविता ही न! 10

(b) प्रेम में कुछ मान भी होता है, कुछ महत्व भी। श्रद्धा तो अपने को मिटा डालती है और अपने मिट जाने को ही अपना इष्ट बना लेती है। प्रेम अधिकार करना चाहता है, जो कुछ देता है, उसके बदले में कुछ चाहता भी है। 10

(c) विधाता की सृष्टि में मानव ही सबसे बड़ा शक्तिशाली है। उसको पराजित करना असंभव है, प्रचण्ड शक्तिशाली बमों से भी नहीं। पागलों! आदमी-आदमी है, गिनीपिग नहीं।---- सबारि ऊपर मानुस सत्य! 10

(d) साहित्यकार का लक्ष्य केवल महफिल सजाना और मनोरंजन का सामान जुटाना नहीं है- उसका दरजा इतना न गिराइए। वह देश-भक्ति और राजनीति के पीछे चलने वाली सचाई भी नहीं, बल्कि उनके आगे मशाल दिखाती हुई चलने वाली सचाई है।

(e) जिसे तुम नाश कहती हो, वह केवल परिवर्तन है। अमरता का अर्थ है अपरिवर्तन। कल्पना करो, संसार में कोई भी परिवर्तन न हो? उस संसार में क्या सुख और आकर्षण होगा? 10


6. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिएः

(a) ‘‘गोदान के पात्र व्यष्टिपरक न होकर वर्ग के प्रतिनिधि के रूप में आते हैं।” सिद्ध कीजिए। 20

(b) ‘‘रामचंद्र शुक्ल के निबंधों में बुद्धितत्व और हृदय की अनुभूति का सुंदर समन्वय हुआ है।” इस कथन की विवेचना कीजिए। 15

(c) ‘महाभोज’उपन्यास के नामकरण की सार्थकता पर विचार कीजिए। 15


7. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिएः

(a) ‘‘भारत-दुर्दशा’अतीत गौरव की चमकदार स्मृति है, आंसू भरा वर्तमान है और भविष्य-निर्माण की भव्य प्रेरणा है।” इस कथन की विवेचना कीजिए। 20

(b) ‘‘प्रसाद जी के नाटक न सुखांत हैं न दुःखांत, बल्कि वे प्रसादांत हैं।” इस कथन पर अपनी सहमति-असहमति व्यक्त कीजिए। 15

(c) गांधीवादी विचारधारा के आलोक में बावनदास के चरित्र का विश्लेषण कीजिए। 15


8. निम्नलिखित प्रश्नों के उत्तर दीजिएः

(a) ‘‘मल्लिका की अनन्यता एवं सात्विक प्रेम ‘आषाढ़ का एक दिन’की महती उपलब्धि है। उसके चरित्र में भारतीय आदर्श ललना साकार हो उठी है।” इस कथन की तर्कसंगत मीमांसा कीजिए। 20

(b) ‘साहित्य जनसमूह के हृदय का विकास है’निबंध की तात्विक समीक्षा कीजिए। 15

(c) ‘‘चीफ की दावत’ मध्यवर्गीय अवसरवादिता और मानवीय मूल्यों के विघटन का जीवंत दस्तावेज है।” इस कथन की विवेचना कीजिए। 15