दर्शनशास्त्र एक वैकल्पिक विषय के रूप में
दर्शनशास्त्र ही क्यों चुनें?
- इसका पाठ्यक्रम अपेक्षाकृत संक्षिप्त है, अतः इसका रिवीजन आसान है|
- यह विषय समसामयिक घटनाओं व मुद्दों पर अपेक्षाकृत कम निर्भर है|
- अन्य विषयों की तुलना में इसे कम समय (लगभग डेढ़ से दो माह) में तैयार किया जा सकता है|
- पाठ्यक्रम का विभाजन बहुत सरल है|
- विभिन्न दार्शनिकों केकथनोंका अनुसरण करना है, अतः अपनी कल्पना शक्ति के इस्तेमाल से बचा जा सकताहै|
- समय-समय पर कई उम्मीदवार इसे चुनकर अच्छी रैंक हासिल कर चुके हैं जैसे- अथर आमिर खान (2015, सेकंड रैंक)
- प्रश्न की मांग के अनुसार यदि उत्तर खूबसूरती से प्रस्तुत किया जाए तो यह अधिक अंकदायी विषय बन जाता है|
दर्शनशास्त्र वैकल्पिक ....
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