Question : सुरक्षा असमंजस और असुरक्षा असमंजस के बीच अंतर को स्पष्ट कीजिए।
(2008)
Answer : सुरक्षा असमंजस और असुरक्षा असमंजस के संबंध में विधिवत रूप में पचास के दशक में प्रयोग किया गया जब सुरक्षा असमंजस को पहली बार जॉन हर्ज ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति के संदर्भ में प्रस्तुत किया। यद्यपि इस अवधारणा की शुरूआत को प्रथम विश्व युद्ध के संदर्भ में प्रचलित किया गया, यद्यपि इसके इतिहास को प्राचीन ग्रीक दार्शनिकों के लेखनों में भी देखा जा सकता है। यह एक ऐसी अंतरराष्ट्रीय स्थिति का सूचक होता है, जब दो ....
Question : तीसरी दुनिया के देशों के मामलों में भारत की भूमिका का एक समालोचनात्मक विवरण प्रस्तुत कीजिए।
(2006)
Answer : तीसरी दुनिया शब्द प्रायः अविकासशील देशों के लिए सामूहिक रूप से प्रयुक्त किया जाता है, जिन्हें निम्नस्तरीय विकसित देश भी कहते हैं। इनमें से बहुत से देश गुटनिरपेक्ष हैं तथा विकसित राष्ट्रों की तुलना में अपने अधिकारों की प्राप्ति के लिए संघर्षरत हैं। इस प्रकार कहा जा सकता है कि तीसरे विश्व की अवधारणा एशिया, अफ्रीका तथा लैटिन अमेरिका के निर्धन, कमजोर तथा समस्यायुक्त देशों को अन्तर्राष्ट्रीय मामलों में विशिष्ट तथा भिन्न तत्व के रूप ....
Question : निर्गुट आंदोलन में, भारत की भूमिका समालोचनात्मक आकलन प्रस्तुत कीजिए।
(2006)
Answer : भारत ने गुटनिरपेक्षता की नीति को विश्व में शांति और सुरक्षा बनाए रखने के लिए विकसित किया। गुटनिरपेक्षता का अर्थ है- शक्तिशाली गुटों से दूर रहना। उस युग में इसका अर्थ था-अमेरिकी गुट बनाम सोवियत गुट की शक्ति की राजनीति से अलग रहना। श्री नेहरू ने मिड्ड के राष्ट्रपति नासिर, युगोस्लाविया के टीटो तथा इंडोनेशिया के सुकार्णों की सहायता से गुटनिरपेक्षता को वैश्विक आंदोलन के रूप में विकसित किया।
अनेक अफ्रीकी-एशियाई देशों एवं युगोस्लाविया के साथ-साथ ....
Question : गुटनिरपेक्षता की नीति का अनुसरण करने में क्या भारत के लिए कोई देशीय सामाजिक-राजनीतिक आधार था?
(2006)
Answer : भारत ने गुटनिरपेक्षता की नीति इसलिए अपनायी क्योंकि वह निर्णय लेने की स्वतंत्रता की रक्षा करना चाहता था। इस नीति को अपनाये जाने के स्पष्ट देशीय, सामाजिक व राजनीतिक आधार थे। इसके अतिरिक्त आर्थिक विकास पर भारत बहुत अधिक बल दे रहा था। एमएस राजन ने गुटनिरपेक्षता की नीति को अपनाने के कारणों का उल्लेख किया है। पहला, यह विश्वास किया जाता है कि अमेरिका व सोवियत गुट के साथ भारत की संलग्नता अंतरराष्ट्रीय तनाव ....