मानसून विच्छेद

13 फरवरी, 2026 को जर्नल ऑफ क्लाइमेट में प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, भारत के पश्चिम एवं उत्तर-पश्चिम से आने वाली शुष्क मरुस्थलीय पवनें दक्षिण-पश्चिम मानसून में आने वाले विच्छेद से घनिष्ठ रूप से जुड़ी होती हैं।

  • यह संभावित अग्रिम-चेतावनी संकेत प्रदान कर सकती हैं, जो वर्षा के संभावित व्यवधानों के पूर्वानुमान में सहायक होंगी तथा कृषि नियोजन पर महत्वपूर्ण प्रभाव डाल सकती हैं।

मानसून विच्छेद (Monsoon Break) क्या है?

  • मानसून विच्छेद एक अस्थायी शुष्क अवधि होती है, जब मध्य भारत में वर्षा में कमी आती है तथा वर्षा-पट्टिका उत्तर की ओर स्थानांतरित हो जाती है।
  • दक्षिण-पश्चिम मानसून जून से ....
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