संसद का संयुक्त अधिवेशन
कई बार कुछ मुद्दों एवं विधेयक को लेकर संसद में गतिरोध उत्पन्न हो जाता है और किसी सदन में जाकर विधेयक अटक जाता है। ऐसी स्थिति में संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक (Joint Session of Parliament) बुलायी जा सकती है।
- गतिरोध की स्थिति में विधेयक पर चर्चा और उसे पास कराने के लिए संविधान के अनुच्छेद 108 के द्वारा दोनों सदनों की संयुक्त बैठक बुलाई जाती है।
- वर्तमान तक केवल तीन बार संयुक्त बैठक बुलाया गया है, जो निम्न हैं:
- दहेज निषेध विधेयक, 1960;
- बैंकिंग सेवा आयोग (निरसन) विधेयक, 1977 और
- आतंकवाद निवारण विधेयक, 2002।
- निम्नलिखित परिस्थिति में संयुक्त बैठक बुलाई ....
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