संसदीय विशेषाधिकार
देश में विधानसभा, विधानपरिषद और संसद के सदस्यों के पास कुछ विशेष अधिकार होते हैं, ताकि वे प्रभावी ढंग से अपने कर्तव्यों को पूरा कर सकें, इन्हें ही संसदीय विशेषाधिकार (Parliamentary Privileges) कहते हैं।
- संविधान के अनुच्छेद 105 में संसद के दोनों सदनों की तथा उनके सदस्यों और समितियों एवं अनुच्छेद 194 में राज्य विधानमंडल के सदस्यों एवं समितियों की शक्तियों और विशेषाधिकार का उल्लेख किया गया है।
|
संसदीय विशेषाधिकार
|
क्या आप और अधिक पढ़ना चाहते हैं?
तो सदस्यता ग्रहण करें
इस अंक की सभी सामग्रियों को विस्तार से पढ़ने के लिए खरीदें |
पूर्व सदस्य? लॉग इन करें

