नागोर्नो-काराबाख क्षेत्र में संघर्ष-विराम पर सहमति


आर्मेनिया और अजरबैजान 10 अक्टूबर, 2020 को नागोर्नो-कारबाख में संघर्ष विराम के लिए सहमत हो गए हैं।

उद्देश्य: बंदियों की अदला-बदली और मृतकों के शवों की खोज करना।

महत्वपूर्ण तथ्य: दोनों देशों के राजनयिकों के बीच मॉस्को में रूस के विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव के समन्वय में हुई बातचीत के बाद यह घोषणा की गई।

  • ज्ञात हो कि अजरबैजान और आर्मेनिया की सेनाओं के बीच हाल के संघर्ष की शुरुआत 27 सितम्बर को हुई, जिसमें कई लोग मारे गए थे।
  • नागोर्नो-काराबाख, काकेशस रेंज के दक्षिणी भाग और आर्मेनियाई उच्चभूमि के पूर्वी किनारे के बीच स्थित स्थलरुद्ध क्षेत्र है।
  • इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अजरबैजान के हिस्से के रूप में मान्यता प्राप्त है। लेकिन अधिकांश क्षेत्र आर्मेनियाई अलगाववादियों द्वारा नियंत्रित हैं।
  • अजरबैजान सैन्य बलों और आर्मेनियाई अलगाववादियों के बीच कई वर्षों के संघर्ष के बाद 1994 में रूस ने संघर्ष विराम किया, तब तक अर्मेनियाई मूल के लोगों ने इस क्षेत्र पर नियंत्रण कर लिया था।
  • हालांकि 1994 के संघर्ष विराम के बाद भी अजरबैजान और आर्मेनिया, अक्सर एक-दूसरे पर नागोर्नो-काराबाख क्षेत्र के आसपास हमले का आरोप लगाते रहते हैं।
  • नागोर्नो-काराबाख, वर्तमान में अलगाववादी आर्मेनियाई द्वारा शासित है, जिन्होंने इसे ‘नागोर्नो-काराबाख स्वायत्त क्षेत्र’ (Nagorno-Karabakh Autonomous Oblast) नामक एक गणराज्य घोषित किया है।