जनगणना के तहत PVTGs की पृथक गणना की मांग

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केंद्रीय जनजातीय कार्य मंत्रालय ने हाल ही में भारत के महापंजीयक एवं जनगणना आयुक्त को पत्र लिखकर आग्रह किया है कि आगामी जनगणना में विशेष रूप से कमजोर जनजातीय समूहों (PVTGs) की पृथक रूप से गणना की जाए।

  • मंत्रालय के अनुसार, PVTGs की गणना लक्षित कल्याणकारी योजनाओं, जैसे- प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महाअभियान (PM-JANMAN) के कार्यान्वयन के लिए आवश्यक है।
  • जून 2025 में केंद्र सरकार ने वर्ष 2027 की जनगणना की अधिसूचना जारी की थी और घोषणा की थी कि यह दो चरणों में संचालित की जाएगी, जिसमें जाति-आधारित गणना भी शामिल होगी।

PVTGs की पृथक रूप से गणना क्यों आवश्यक ....

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