वस्त्र क्षेत्र: निर्यात एवं नवाचार प्रोत्साहन

भारतीय वस्त्र क्षेत्र वर्तमान में 5F विज़न (Farm to Fibre to Factory to Fashion to Foreign) पर आधारित संरचनात्मक परिवर्तन से गुजर रहा है। रणनीति का ध्यान कपास-प्रधान उद्योग से हटकर उच्च-मूल्य मानव-निर्मित रेशा (MMF) और तकनीकी वस्त्र (Technical Textiles) केंद्र बनने पर है। इसका उद्देश्य वैश्विक व्यापार में उल्लेखनीय हिस्सेदारी प्राप्त करना है, साथ ही कृषि के बाद दूसरे सबसे बड़े रोज़गार प्रदाता के रूप में अपनी स्थिति बनाए रखना है।

कौन सर्वाधिक प्रभावित: बुनकर, महिलाएँ और कार्यबल

  • कपास किसान: कस्तूरी कॉटन (Kasturi Cotton) ब्रांडिंग और न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) खरीद के लाभार्थी।
  • महिला कार्यबल: प्रमुख जनसांख्यिकीय समूह, जो परिधान ....
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