क्यूरेटिव याचिका
नवंबर 2025 में केंद्र सरकार ने भारत के सर्वोच्च न्यायालय में मिनरल एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी बनाम स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड मामले में 9-न्यायाधीशीय पीठ के निर्णय के विरुद्ध क्यूरेटिव याचिका (Curative Petition) दायर की।
- उक्त निर्णय में राज्यों को खनन अधिकारों एवं खनिज-समृद्ध भूमि पर कर लगाने का अधिकार दिया गया था तथा यह माना गया कि रॉयल्टी कर नहीं है।
उत्पत्ति एवं प्रक्रिया ढाँचा
- क्यूरेटिव याचिका, पुनर्विचार याचिका के खारिज होने के बाद उपलब्ध अंतिम विधिक उपाय है।
- इस अवधारणा को सर्वोच्च न्यायालय ने रूपा अशोक हुर्रा बनाम अशोक हुर्रा, 2002 मामले में विकसित किया।
- इसका उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है ....
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