राष्ट्रीय सुरक्षा एवं गोपनीय सूचना संरक्षण कानून
भारत जैसे संप्रभु और लोकतांत्रिक देश में राष्ट्रीय सुरक्षा और गोपनीय सूचनाओं का संरक्षण अत्यंत महत्त्वपूर्ण है। यह न केवल संप्रभुता और आंतरिक स्थिरता की रक्षा करता है, बल्कि वैश्विक संबंधों को भी प्रभावित करता है। किंतु वर्तमान कानूनी ढाँचा, जो मुख्यतः औपनिवेशिक कालीन आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम (OSA), 1923 पर आधारित है, अक्सर आधुनिक पारदर्शिता, जवाबदेही और सूचना के अधिकार जैसे सिद्धांतों से टकराव में दिखता है।
- आज जरूरत है कि राष्ट्रीय सुरक्षा की अनिवार्यता और लोकतांत्रिक शासन के मूल्यों के बीच संतुलन स्थापित किया जाए।
हालिया प्रगति
- सूचना का अधिकार (RTI) अधिनियम, 2005 ने नागरिकों को शासन-संबंधी सूचनाएँ पाने का ....
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