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आंध्रप्रदेश में 3D-प्रिंटेड ग्रामीण आवास का शुभारंभ
- 08 Oct 2026
8 अक्टूबर 2026 को आंध्र प्रदेश सरकार ने प्रधानमंत्री आवास योजना-ग्रामीण (PMAY-G 2.0) के तहत भारत के पहले राष्ट्रीय स्तर के 3D-प्रिंटेड ग्रामीण आवास पायलट प्रोजेक्ट की आधिकारिक शुरुआत की है।
मुख्य बिंदु
- परियोजना का स्थान व विस्तार: यह पायलट प्रोजेक्ट आंध्र प्रदेश के गुंटूर जिले के बुर्लीपालेम (100 घर) और ओबुलनायडूपालेम/पोथुरु (77 घर) में कुल 177 घरों के निर्माण के लिए शुरू किया गया है।
- लागत और वित्तीय हिस्सेदारी: इस परियोजना की अनुमानित लागत लगभग ₹14 करोड़ (कर रहित ₹13.93 करोड़) है, जिसमें केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्रालय ₹9.44 करोड़ और आंध्र प्रदेश सरकार ₹4.49 करोड़ का योगदान दे रही है।
- निर्माण की समय-सीमा: आधुनिक 3D कंक्रीट प्रिंटिंग (3DCP) तकनीक से बनने वाले इन ग्रामीण घरों को आगामी 6 महीनों के भीतर पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
- तकनीकी सहयोग: भारत के इस पहले 3DCP ग्रामीण आवास प्रोजेक्ट को वैज्ञानिक और औद्योगिक अनुसंधान परिषद - केंद्रीय भवन अनुसंधान संस्थान (CSIR-CBRI), रुड़की द्वारा तकनीकी सहायता प्रदान की जा रही है।


